- नई अनुमति और संशोधित पार्किंग लेआउट के साथ जारी रहेगा ‘ढोली तारा 5.0’, सुरक्षा व सुविधाओं पर विशेष जोर
- “I Feel Really Proud to Be Part of Something That Could Make a Difference to India”: Varun Dhawan on His Investment in Better Nutrition
- Mrunal Thakur gets roped in as the brand ambassador for NuHome!
- Heists, High-Speed Chases, Unbreakable Friendships, and a Criminal Startup: Prime Video Unveils the Trailer of Chaar Yaar, an Exciting Crime Drama Set in Mumbai in the Early 2000s
- Kon Yashwant Pansare? Review: An Engaging Marathi Courtroom Drama Elevated by Strong Performances
1983 की भारतीय क्रिकेट टीम ने क्वालीफायर मैच के बाद की रिटर्न टिकट पहले से कर ली थी बुक!
फ़िल्म ’83’ कबीर खान द्वारा निर्देशित एक आगामी भारतीय खेल ड्रामा फिल्म है जो 1983 में भारत की अविश्वसनीय क्रिकेट विश्व कप जीत की सच्ची कहानी आधारित है।
भारत के विश्व कप सफ़र से जुड़े कई दिलचस्प पहलू और तथ्य है। इसी तरह, 1983 की क्रिकेट टीम के बारे में ऐसे ही एक किस्से को हाईलाइट किया गया है।
भारतीय टीम के लिए मध्य-टूर्नामेंट के दौरान ही वापसी की टिकट बुक कर दी गयी थी क्योंकि किसी ने भी नहीं सोचा था कि वे 20 जून 1983 को समाप्त होने वाले ग्रुप मैचों में सफ़ल होंगे और सेमीफाइनल 22 जून को होने वाला था।
इतना ही नहीं, टीम के क्रिकेटरों में से सात, जिनमें से कुछ ने हाल ही में शादी की थी, उन्होंने ग्रुप मैच खत्म होने के तुरंत बाद ही अपनी पत्नियों के साथ छुट्टियां मनाने की योजना बना रखी थी। उन्होंने 20 जून की रात को न्यूयॉर्क के लिए अपने टिकट भी बुक किए थे।
इस किस्से पर अधिक रोशनी डालते हुए कबीर खान ने साझा किया,”यह कहानी मुझे श्रीकांत ने बताई थी कि कैसे सभी को विश्वास था कि भारत वर्ल्ड कप नहीं जीत पाएगा। यहाँ तक कि खुद भारतीय खिलाड़ियों को भी यही लगता था कि वे वर्ल्ड कप नहीं जीत सकते।
इसके उदाहरण के तौर पर श्रीकांत ने हमें बताया कि जब उनका सिलेक्शन हुआ वे सभी बेहद खुश थे और श्रीकांत की उस समय वर्ल्ड कप से कुछ वक्त पहले यानी मार्च में ही शादी हुई थी। और जब उन्हें सिलेक्शन की खबर मिली तो उन्होंने निर्णय लिया कि वे लंदन जा कर कुछ मैच वहां खेलेंगे और फिर वहाँ से 10,000 रुपये ओर डाल कर वहां से छुट्टियां मनाने के लिए न्यूयॉर्क रवाना हो जाएंगे।
और उन्होंने अपनी पत्नियों से भी कह दिया था ग्रुप मैच के बाद वे सभी घूमने निकल जाएंगे और इसिलए सात खिलाड़ियो ने एडवांस में ही लंदन से न्यूयॉर्क की टिकट बुक करवा रखी थी। और फिर श्रीकांत ने बताया कि कैसे एक के बाद एक मैच जीतने के बाद उन्होंने इसे गंभीरता से लिया और एक-एक कर अपनी घूमने की टिकट कैंसिल करवाते गए।
कबीर आगे कहते है,“यह अब तक कि सबसे बड़ी अंडरडॉग कहानी में से एक है क्योंकि सभी को यहाँ तक कि खिलाड़ियों को भी यही लगता था कि वे वर्ल्ड कप नहीं जीत सकते है। वर्ष 1983 से पहले भारत के पास वर्ल्ड कप के इतिहास में एक ही मैच था और वो ईस्ट अफ्रीका के खिलाफ था। और जब मैंने इन सब किस्सो के बारे में बारीकी से सुना तो मुझे लगा कि यह एक शानदार कहानी है।”
यह इस तथ्य को साबित करता है कि किसी को भी टीम द्वारा टूर्नामेंट में इतने अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद नहीं थी, यहां तक कि स्वयं भारतीय टीम को भी नहीं थी। लेकिन न केवल टीम इंडिया ने अच्छा प्रदर्शन किया, बल्कि पूरे टूर्नामेंट को जीतने के साथ-साथ क्रिकेट के इतिहास में अपने लिए जगह बनाने में भी कामयाब रही है।
1983 के विश्व कप में भारत की ऐतिहासिक जीत से पहले, भारत उस समय खेल के क्षेत्र में ग्लोबल मैप के अस्तित्व में भी नहीं था और किसी को भी उम्मीद नहीं थी कि टीम इंडिया अकेले विश्व कप जीतने के लिए इतना अच्छा परफॉर्म करेगी।
फ़िल्म की रिलीज़ के साथ, दर्शकों को एक अद्भुत अनुभव और ‘कपिल के डेविल्स’ के सफ़र का साक्षी बनाया जाएगा।
कबीर खान फिल्म्स प्रोडक्शन की ’83 रिलायंस एंटरटेनमेंट और फैंटम फिल्म्स द्वारा प्रस्तुत है। फिल्म दीपिका पादुकोण, कबीर खान, विष्णु वर्धन इंदुरी, साजिद नाडियाडवाला, फैंटम फिल्म्स, रिलायंस एंटरटेनमेंट और 83 फिल्म लिमिटेड द्वारा निर्मित है। रिलायंस एंटरटेनमेंट और पीवीआर पिक्चर्स की रिलीज़ को हिंदी, तमिल और तेलुगु में रिलीज़ किया जाएगा।


